किरायेदारी की कमाई से मलाई: नियमों को ठेंगा दिखाकर किराए पर दिए जा रहे थे ‘लाइट हाउस’ के फ्लैट, 232 आवंटियों को नोटिस, 24 घंटे में छीनेगा आशियाना
रांची नगर निगम को पिछले कुछ समय से लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि धुर्वा स्थित लाइट हाउस आवासीय परिसर में कई आवंटी खुद न रहकर, उन फ्लैटों को किराए पर दूसरों को दे चुके हैं।

रांची. प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत गरीबों को आशियाना देने की सरकार की महत्वाकांक्षी योजना में रांची से एक बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। रांची के धुर्वा स्थित बहुचर्चित ‘लाइट हाउस प्रोजेक्ट’ में आवंटित फ्लैटों को अवैध रूप से किराए पर चलाने के खेल उजागर हुआ है। इस गंभीर मामले पर संज्ञान लेते हुए रांची नगर निगम ने बेहद सख्त रुख अख्तियार किया है और नियमों का उल्लंघन करने वाले 232 आवंटियों को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है। निगम की इस ताबड़तोड़ कार्रवाई से अवैध रूप से फ्लैट किराए पर देकर मलाई काट रहे आवंटियों में हड़कंप मच गया है।
खुद रहने के बजाय फ्लैटों को बनाया ‘कमाई का जरिया’
रांची नगर निगम को पिछले कुछ समय से लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि धुर्वा स्थित लाइट हाउस आवासीय परिसर में कई आवंटी खुद न रहकर, उन फ्लैटों को किराए पर दूसरों को दे चुके हैं। शिकायतों के आधार पर जब निगम प्रशासन द्वारा प्राथमिक जांच कराई गई, तो चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। जांच में पाया गया कि बड़ी संख्या में आवंटी आवंटित फ्लैटों में खुद निवास नहीं कर रहे हैं, बल्कि इसे किराए पर देकर योजना के मूल उद्देश्य को ही विफल कर रहे हैं। आवंटित फ्लैटों को किराए पर देना प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) की गाइडलाइंस की कंडिका-16 का स्पष्ट और गंभीर उल्लंघन है। इस नियम के तहत योजना के अंतर्गत मिलने वाले सरकारी आवास को किसी भी परिस्थिति में किराए पर देना पूर्णतः प्रतिबंधित है।
24 घंटे का अल्टीमेटम: सबूत नहीं दिया, तो रद्द होगा आवंटन
नगर निगम द्वारा जारी किए गए नोटिस में बेहद कड़ा रुख अपनाया गया है। सभी आरोपी 232 आवंटियों को 24 घंटे की मोहलत दी गई है । 24 घंटे के भीतर आवंटियों को निगम के समक्ष उपस्थित होकर यह पुख्ता साक्ष्य प्रस्तुत करना होगा कि वे स्वयं उस आवास में रह रहे हैं। यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर कोई आवंटी संतोषजनक उत्तर या ठोस प्रमाण पेश नहीं कर पाता है, तो निगम द्वारा संबंधित आवास का आवंटन तत्काल प्रभाव से निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
नगर निगम की चेतावनी: रांची नगर निगम ने इस कार्रवाई से साफ कर दिया है कि प्रधानमंत्री आवास योजना समाज के आर्थिक रूप से कमजोर और पात्र परिवारों को स्थायी छत प्रदान करने के लिए चलाई जा रही है। किसी भी संपन्न या बिचौलिए किस्म के व्यक्ति को इस कल्याणकारी योजना का दुरुपयोग करने की इजाजत नहीं दी जाएगी। निगम अधिकारियों के अनुसार, अवैध किराएदारी या नियमों के उल्लंघन के खिलाफ यह अभियान थमेगा नहीं। आने वाले दिनों में भी औचक निरीक्षण और जांच का सिलसिला जारी रहेगा, और दोषी पाए जाने वालों पर नियमानुसार कठोर कानूनी व दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।



