
रांची. झारखण्ड के विद्यार्थियों के लिए बड़ी खुशखबरी है। रांची के मोरहाबादी में 65 करोड़ की लागत से विश्वस्तरीय अत्याधुनिक लाइब्रेरी का निर्माण अंतिम चरण में है। इस लाइब्रेरी में 5,400 विद्यार्थी एक साथ बैठकर पढाई कर सकेंगे। लाइब्रेरी में आने वाले विद्यार्थियों के लिए 6 लिफ्ट की सुविधा होगी। लाइब्रेरी का अपना पावर बैकअप के लिए जनरेटर सेट रहेगा। इसके अलावे यहां कैफेटेरिया, ओपन सेटिंग एरिया, पैंट्री कार और बाइक की पार्किंग, लॉकर रूम, मल्टीपरपज हॉल, छोटे बच्चों के लिए रीडिंग एरिया की सुविधा भी उपलब्ध होगी। लाइब्रेरी के हर फ्लोर पर रीडिंग हॉल, ई लाइब्रेरी, डिस्कशन रूम की सुविधा रहेगी। इसके अलावा यह लाइब्रेरी योग हाल की सुविधा से भी सुसज्जित होगा। यहां के नागरिक योग जैसी गतिविधियों में शामिल हो सकेंगे। मोराबादी में तैयार हो रहा विश्वस्तरीय लाइब्रेरी जून, 2026 में जनता को समर्पित किया जाएगा। इस विश्वस्तरीय लाइब्रेरी का निर्माण सीसीएल और कोल इंडिया लिमिटेड के सीएसआर फंड से हो रहा है। 13 हजार स्क्वायर मीटर के क्षेत्र में कुल 65 करोड़ की लागत से इस लाइब्रेरी का निर्माण किया जा रहा है, जिसमें 35 करोड़ रूपया सीसीएल ने दिया है और 30 करोड रुपए कोल इंडिया लिमिटेड के द्वारा दिया गया। 6 फ्लोर की लाइब्रेरी में तीन शिफ्ट में 5400 विद्यार्थी और युवा एक साथ अध्ययन-अध्यापन का कार्य कर सकेंगे। यह लाइब्रेरी सिर्फ रांची की ही नहीं, बल्कि पूर्वोत्तर भारत की सबसे बड़ी लाइब्रेरी होगी।



